*सर्वाइकल कैंसर की रोकथाम की दिशा में चमोली आगे, एचपीवी टीकाकरण में प्रदेश में प्रथम*

 

सर्वाइकल कैंसर से बचाव के लिए संचालित राष्ट्रीय एचपीवी (ह्यूमन पैपिलोमावायरस) टीकाकरण अभियान में जनपद चमोली ने उत्कृष्ट प्रदर्शन करते हुए उत्तराखंड में प्रथम स्थान प्राप्त किया है। जिले में लक्षित 14 वर्षीय 3,174 बालिकाओं के सापेक्ष अब तक 2,177 बालिकाओं का टीकाकरण किया जा चुका है। इसके साथ ही जनपद ने 68.6 प्रतिशत उपलब्धि हासिल कर प्रदेश में प्रथम स्थान प्राप्त किया है।

 

जनपद में एचपीवी टीकाकरण की शत-प्रतिशत पहुंच सुनिश्चित करने के लिए जिलाधिकारी गौरव कुमार के निर्देशानुसार स्वास्थ्य विभाग द्वारा व्यापक अभियान संचालित किया जा रहा है। जिला प्रतिरक्षण अधिकारी, स्वास्थ्य विभाग के टीकाकरण अनुभाग, सूचना-शिक्षा एवं संचार प्रकोष्ठ, एएनएम, सामुदायिक स्वास्थ्य अधिकारी एवं आशा कार्यकर्ताओं द्वारा विद्यालयों एवं स्वास्थ्य संस्थानों के माध्यम से पात्र बालिकाओं और उनके अभिभावकों को एचपीवी टीके के महत्व के संबंध में जागरूक किया जा रहा है।

 

मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. राजीव पाल ने बताया कि एचपीवी टीकाकरण सर्वाइकल कैंसर की रोकथाम की दिशा में एक महत्वपूर्ण एवं प्रभावी कदम है। राष्ट्रीय स्तर पर 28 फरवरी 2026 से 14 वर्ष की पात्र बालिकाओं के लिए एचपीवी टीकाकरण अभियान प्रारंभ किया गया है। सरकारी स्वास्थ्य संस्थानों में पात्र बालिकाओं को यह टीका निःशुल्क उपलब्ध कराया जा रहा है।

 

उन्होंने जनपद के सभी लक्षित आयु वर्ग की बालिकाओं के अभिभावकों से अपील की कि वे अपनी बालिकाओं को एचपीवी टीका अवश्य लगवाएं और अभियान को सफल बनाने में स्वास्थ्य विभाग का सहयोग करें। उन्होंने कहा कि समय पर टीकाकरण कराकर सर्वाइकल कैंसर जैसी गंभीर बीमारी के जोखिम को कम करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम उठाया जा सकता है।

 

जनपद में अभियान की सफलता के लिए स्वास्थ्य विभाग की विभिन्न टीमों द्वारा विद्यालयों एवं स्वास्थ्य केंद्रों में लगातार टीकाकरण एवं जागरूकता गतिविधियां संचालित की जा रही हैं। स्वास्थ्य कर्मियों द्वारा अभिभावकों एवं बालिकाओं को एचपीवी टीकाकरण के महत्व की जानकारी देते हुए उनकी शंकाओं का समाधान भी किया जा रहा है।